पुडुचेरी विधानसभा चुनाव के लिए मतदान से महज 5 दिन पहले, अभिनेता से राजनेता बने विजय (थलपति) की पार्टी तमिलगा वेट्रि कझगम (TVK) ने आज केंद्र शासित प्रदेश की सड़कों पर अपनी ताकत दिखाई। विजय के रोड शो और जनसभा में उमड़ी ऐतिहासिक भीड़ ने पारंपरिक राजनीतिक दलों (AINRC-BJP और DMK-कांग्रेस) की चिंताएं बढ़ा दी हैं।
“दिल्ली का रिमोट कंट्रोल नहीं चलेगा” – विजय का तीखा हमला
पुडुचेरी के उप्पलम् ग्राउंड में आयोजित विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए विजय ने सीधे तौर पर केंद्र सरकार और वर्तमान मुख्यमंत्री एन. रंगासामी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “पुडुचेरी को दिल्ली के रिमोट कंट्रोल से नहीं, बल्कि यहाँ की जनता की मर्जी से चलना चाहिए।” विजय ने वादा किया कि अगर उनकी पार्टी सत्ता में आती है, तो वे पुडुचेरी को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने के लिए अपनी जान लगा देंगे।
रोड शो में उमड़ा प्रशंसकों और समर्थकों का हुजूम
विजय का रोड शो आज सुबह कनगाचेट्टीकुलम से शुरू हुआ, जो थवलकुप्पम और थानमपलयम होते हुए शहर के मुख्य हिस्सों तक पहुँचा। 10 किलोमीटर लंबे इस मार्ग पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम थे, फिर भी हजारों प्रशंसक अपने चहेते अभिनेता की एक झलक पाने के लिए छतों और पेड़ों पर चढ़े नजर आए।
‘थलपति’ के 5 बड़े चुनावी वादे:
रैली के दौरान विजय ने पुडुचेरी के लिए अपना विजन स्पष्ट किया:
- बिजली और पानी: हर घर को 200 यूनिट मुफ्त बिजली और स्वच्छ पेयजल का अधिकार।
- महिला सुरक्षा: सरकारी बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा और पिंक पुलिस बूथों की स्थापना।
- रोजगार: स्थानीय युवाओं के लिए निजी और सरकारी नौकरियों में 80% आरक्षण।
- भ्रष्टाचार मुक्त शासन: सरकारी सेवाओं को पूरी तरह डिजिटल करना ताकि बिचौलियों का अंत हो।
- स्थानीय चुनाव: दशकों से लंबित स्थानीय निकाय चुनाव 6 महीने के भीतर कराने का संकल्प।
सुरक्षा गार्ड के व्यवहार पर जताई नाराजगी
रैली के दौरान एक भावुक पल तब आया जब रोड शो के दौरान एक बुजुर्ग व्यक्ति विजय के वाहन के पास आने की कोशिश कर रहा था और सुरक्षा गार्ड ने उसे पीछे धकेल दिया। विजय ने तुरंत अपना भाषण रोका और गार्ड को फटकार लगाते हुए उस बुजुर्ग को मंच के पास बुलाकर उनका अभिवादन किया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
राजनीतिक समीकरणों में बदलाव
राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि TVK का सभी 30 सीटों पर अकेले चुनाव लड़ना पुडुचेरी के त्रिकोणीय मुकाबले को और दिलचस्प बना देगा। विजय की नजर विशेष रूप से पहली बार मतदान करने वाले युवाओं और निराश मतदाताओं पर है।


